दिल्ली पुलिस का हैड कांस्टेबल बना रिकवरी एजेंट
February 26, 2019 • जगदीश सिकरवार

खबर थाना ज्योति नगर शाहदरा की है एक प्रतिष्ठित  प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के डायरेक्टर  को थाने में देशपाल नामक हैड कांस्टेबल ने कर लिया कैद I

दैनिक समाचार, दिल्ली - घटना २४/०२/२०१९ की है पीड़ित जय (बदला हुआ नाम ) निवासी प्लोट नंबर-१४५०, एस.एफ-३, ईस्ट ज्योति नगर, दिल्ली -९४ पर परिवार के साथ रहते हैं I उनकी कंपनी ने एक पी.एम.के.वी.वाई सेंटर चलाया था जिसकी पूरी पेमेंट अपने सहयोगी को करके एन.ओ.सी भी लेली  थी लेकिन सहयोगी अपने गुंडों के साथ जबरन बसूली करना चाहता था I जिसकी तहरीर दिनांक १९/१२/२०१८ डी.डी.नंबर३७बी थाना ज्योति नगर को दी I पीड़ित आई.ओ से थाने  में जाकर कई बार मिला लेकिन उस तहरीर पर आई.ओ ने कोई कार्यवाही नहीं की I   

 घटना लगभग सुबह सात बजे की है रमेश चन्द,अनूप भारद्वाज  नामक व्यक्ति अज्ञात गुंडों के साथ पीड़ित के घर पर जाकर फिर से जबरन बसूली का प्रयास करने लगे I पीड़ित की पत्नी के विरोध करने पर दवंगों ने पीड़ित को एक थप्पड़ मारते हुए पीड़ित की पत्नी के साथ भी बदतमीजी की और कहा अभी तो हम जा रहे हैं, लेकिन आज के बाद घर से बाहर निकल कर दिखा I

 पीड़ित का परिवार सदमें में आ गया और हिम्मत कर एक बार फिर १०० नंबर पर कॉल कर चैनल  नंबर ११४ को घटना की जानकारी दी तत्पश्चात पी.सी.आर का सहयोग सराहनीय रहा I पीड़ित अपनी पत्नी के साथ थाने में डेढ़ घंटे इन्तजार करने के बाद हैड कांस्टेबल देशपाल ने कहा मैं दुसरे पक्ष से बात कर आपको बताता हूँ, आप लोग अभी घर जाओ I

 जब हैड कांस्टेबल का कोई फ़ोन नहीं आया तो पीड़ित तहरीर देने थाने लगभग चार बजे पहुंचा I हैड कांस्टेबल देशपाल ने पीड़ित को झगडे का कॉल बताकर गिरफ्तार करलिया और मोबाइल भी अपने कब्जे में ले लिया I पीड़ित को लगभग थाने में चार घंटे तक कैदी बनाकर रखा जब पीड़ित ने एस.एच.ओ साहब से बात करने की बात कही तो देशपाल ने कहा उनका ही आदेश है ये I झगड़े का कॉल बनाकर दोनों पक्षों को जेल भेजदो, पीड़ित ने देशपाल से पूछा और कहा मैंने कोई झगडा नहीं किया तो फिर न्याय, सुरक्षा की जगह आप मुझे जेल भेज रहे हो 

  दिल्ली पुलिस का यही असली चेहरा है ? साथ ही साथ मोबाइल फ़ोन जब्त कर लिया I बेबजाह झगडे का कॉल बताकर उन्हें एक कैदी की तरह बंद कर दिया I फिर देशपाल जी (आई.ओ) ने तीन लाख रुपये में फैसला लिख दिया की जगदीश सिकरवार, रमेश चन्द शर्मा को तीन लाख रुपये चार महीनों में देगा I यही न्याय है दिल्ली पुलिस का ? पीड़ित को भी लगभग ७५ लाख रुपये सरकार एवं कुछ अपने सहयोगियों से लेने हैं पीड़ित को भी दिल्ली पुलिस का हैड कांस्टेबल देशपाल पैसे दिलवाएगा ?

 पीड़ित का परिवार सदमें में है और पीड़ित न्याय की गुहार लगा रहा है I दैनिक समाचार टीम दिल्ली पुलिस से अनुरोध करती है की पीड़ित को न्याय दिलाने का जल्द से जल्द कष्ट करें I हैड कांस्टेबल देशपाल का पीड़ित के साथ यह व्यवहार निंदनीय है, दिल्ली पुलिस से हमारा आग्रह है की देशपाल पर उचित कार्यवाही की जाए I